पैतृक गांव बोराडी में हुआ सिपाही अरविंद का अंतिम संस्कार
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रुड़की/मंगलौर (देशराज पाल/राजपाल)। ब्रेन हेमरेज की बीमारी से लड़ रहे सिपाही की उपचार के दौरान बुधवार की रात्रि ऋषिकेश एम्स में निधन हो गया। उनका पार्थिव शरीर उनके पैतृक गांव ले जाया गया जहां सम्मान के साथ उन्हें अंतिम विदाई दी गई।
बृहस्पतिवार की सुबह मंगलौर कोतवाली में तैनात रहे सिपाही अरविंद बर्थवाल के निधन की जैसे ही जानकारी लगी तो पुलिस महकमें के साथ-साथ मीडिया में भी शोक की लहर दौड़ गई। आपको बता दे की अरविंद वर्तमान मंगलौर कोतवाली में 2021 से सितंबर 2025 तक चालक के पद पर तैनात रहे। 1 अगस्त 2025 में उनका ट्रांसफर सिविल लाइन कोतवाली रुड़की में हो गया था। बताया गया है कि तभी से उनकी अचानक से तबीयत खराब हो गई। अस्पताल में भर्ती कराया गया तो बताया गया है कि उन्हें ब्रेन हेमरेज हो गया है। इसके बाद उन्हें इंद्रेश अस्पताल देहरादून भर्ती कराया गया जहां से हालात को गंभीर देखते हुए उन्हें चंडीगढ़ पीजीआई में भर्ती कराया गया लेकिन उन्हें यहां से भी ट्रांसफर ऋषिकेश एम्स कर दिया गया जिनका बुधवार की रात्रि उपचार के दौरान निधन हो गया। सिपाही अरविंद बर्थवाल की उम्र लगभग 36 साल बताई गई है वह अपने पीछे अपनी पत्नी और अपनी बेटी को छोड़ गए हैं। अचानक से उनके निधन से परिवार में कोहराम मचा हुआ है। आज उनका पार्थिव शरीर उनके पैतृक गांव टिहरी गढ़वाल के बोराडी में ले जाया गया जहां पर सम्मान के साथ उन्हें अंतिम विदाई दी गई। अंतिम संस्कार में गांव के लोगों की भारी भीड़ शामिल रही।
