माता सीता की विदाई का प्रसंग देख श्रद्धालुओं की आंखें हुईं नम
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रुड़की (देशराज पाल)। ग्राम बाजूहेड़ी स्थित श्री रामलीला के 43वें महोत्सव में माता सीता की विदाई से जुड़े प्रसंग का मंचन किया गया।कलाकारों ने अपनी शानदार प्रस्तुतियों के माध्यम से धार्मिक वातावरण बना दिया। माता सीता की विदाई के प्रसंग ने सभी भक्तों को भाव-विभोर कर दिया और उनकी आंखों से आंसू बह निकले।
पूर्व मेयर गौरव गोयल ने रामलीला में पहुंचे तथा इस धार्मिक आयोजन के संदर्भ में अपने विचार व्यक्त कर कहा कि भगवान श्रीराम का चरित्र हमें भाईचारा, प्रेम, त्याग, मर्यादा और कर्तव्यनिष्ठा की सीख देता है। रामलीला के पात्रों का जीवन हमें परिवार के प्रति समर्पण, बड़ों का सम्मान और रिश्तों की गरिमा बनाए रखने की प्रेरणा भी देता है। रामलीला केवल मनोरंजन का माध्यम नहीं, बल्कि भारतीय संस्कृति, धार्मिक और परंपराओं तथा भगवान श्रीराम के आदर्शों को जन-जन तक पहुंचाने का सशक्त माध्यम है। उन्होंने कहा कि कलाकार अपनी प्रतिभा के माध्यम से इन आदर्शों को जीवित करते हैं, इसलिए उनका उत्साह बढ़ाना और धार्मिक आयोजनों में सहयोग करना आवश्यक है। इस अवसर पर प्रधान बबलू सैनी, संरक्षक योगेश सैनी व अशोक सैनी, अध्यक्ष भोपाल सिंह सैनी, सुभाष, पिंटू सैनी, विपिन सैनी, नीतू सैनी, रितेश सैनी, राजू सैनी, बिट्टू सैनी, चरण सिंह सैनी, पंकज सैनी व कार्तिक सैनी आदि प्रमुख रूप से मौजूद रहे।
