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न्यूयॉर्क में भागवत बोले- भारत के DNA में एकता-विविधता, हम अलग होकर भी एकदूसरे से जुड़े, गलत सोच इंसान को जानवरों के करीब ले जाती है
भागवत बोले- मुसलमानों को भारत से निकालना हिंदुत्व नहीं, धर्म अलग हो सकते हैं, लेकिन मानवता एक; सभी रास्ते ईश्वर तक जाते हैं
‘हिंदू सोचे कि भारत में मुस्लिम न रहें, तो वह हिंदू नहीं’, न्यूयॉर्क में बोले मोहन भागवत
उज्बेकिस्तान में पीएम मोदी को महिलाओं ने राखी बांधी, राष्ट्रपति मिर्जियोयेव के साथ एक ही कार में रवाना हुए; आज ताशकंद में शास्त्री मेमोरियल जाएंगे
मन की बात का 137वां एपिसोड आज, पीएम मोदी जेन-जी और चीनी की खपत को लेकर बात कर सकते हैं
सीजेआई सूर्यकांत की दो-टूक: डिजिटल अरेस्ट जैसे साइबर अपराध पर न्यायपालिका सक्रिय, संसद के फैसले का इंतजार नहीं
भाजपा अध्यक्ष ने दिल्ली के 3 सांसदों को फटकार लगाई, 1984 के सिख विरोधी दंगों के दोषी सज्जन कुमार के घर शोक जताने पहुंचे थे नेता
सुप्रीम कोर्ट की जज जस्टिस बीवी नागरत्ना ने देश की न्याय प्रणाली में हो रही देरी, बढ़ते खर्चों और मुकदमों के बोझ पर चिंता जताई है। उन्होंने वकीलों से वकालत को व्यापार बनाने के बजाय जनसेवा की तरह अपनाने और अपनी कार्यशैली में सुधार करने का आह्वान किया है
नागरत्ना ने कहा कि वे अपनी सोच बदलें। वकालत को सिर्फ पैसा कमाने का जरिया बनाने के बजाय इसे जनता की सेवा के रूप में देखें। अगर वकील ऐसा नहीं करेंगे, तो आने वाले समय में आम जनता के बीच उनकी अहमियत खत्म हो जाएगी। उन्होंने वकीलों को लोकतंत्र का ‘सेफ्टी वाल्व’ बताया। उनका कहना था कि वकीलों को मिली आजादी किसी व्यक्तिगत फायदे के लिए नहीं है, बल्कि इसलिए है ताकि वे बिना किसी सरकार, बाजार या ग्राहक के दबाव के सच के लिए खड़े हो सकें।
ज्यादा शक्कर-तेल वाली खाने-पीने की चीजों पर लगेगी चेतावनी, पैकेट पर लाल रंग का षटकोण बनाया जाएगा; FSSAI का सुप्रीम कोर्ट को प्रस्ताव
35 का प्याज, दिल्ली में 70 का: कांदा एक्सप्रेस के 453.65 टन प्याज लेकर पहुंचने के बाद भी नहीं मिली राहत
बॉम्बे हाईकोर्ट बोला-FDA अधिकारी खुद को भगवान समझते हैं क्या, न नियम पढ़ते- न कानून जानते, कार्रवाई कर देते; 5 रेस्टोरेंट को फूड लाइसेंस वापस मिले
हरियाणा: दूध के दाम बढ़ाने पर मंथन, भैंस का दूध ₹100 प्रति लीटर बिकेगा? कम कीमत पर ₹5100 जुर्माने का प्रस्ताव
पशुपालकों का कहना है कि पशु आहार, तूड़ी, दवाइयों और अन्य खर्च लगातार बढ़ रहे हैं। ऐसे में मौजूदा कीमतों पर दूध बेचने से पशुपालन में आमदनी कम हो रही है। उनका कहना है कि लागत के अनुपात में दूध का भाव बढ़ना जरूरी है।
नेपाल बाढ़ में मौत का आंकड़ा 682 हुआ, 287 भारतीयों समेत 3000 लापता; 800 मीटर लंबा ग्लेशियर टूटने से तबाही आई
मध्य प्रदेश के सतना-चित्रकूट में बाढ़ का कहर: बांध टूटा, रामघाट पुल बहा; आज 26 राज्यों में बारिश की चेतावनी।
